सुप्रीम फाउण्डेशन जसवन्तगढ़ की ओर से प्राथमिक स्तर तक के कमजोर विद्यार्थियों के लिए संचालित की गई रिमेडियल कक्षाएं,
लाडनूं तहसील के कुल 59 राजकीय विद्यालयों में कुल 1449 विद्यार्थी हुए लाभान्वित, अध्ययन के साथ विद्यार्थियों ने 807 परिन्डे बांधे और 59 पौधे लगाए
लाडनूं (kalamkala.in)। सुप्रीम फाउंडेशन जसवंतगढ़ के मुख्य ट्रस्टी महावीर प्रसाद तापड़िया, शिव रतन तापड़िया व विजय तापड़िया के निर्देशानुसार लाडनूं तहसील के राजकीय विद्यालयों में कक्षा 1 से 5 तक के अध्ययन करने वाले विद्यार्थियों में से पढ़ाई में कमजोर विद्यार्थियों के लिए ‘रेमेडियल कक्षाओं’ का आयोजन किया गया। इन कक्षा 1 से 5 तक के कमजोर विद्यार्थियों के लिए इन उपचारात्मक शिक्षण कार्य के लिए 16 मई से 15 जून तक कक्षाओं का संचालन किया गया। सुप्रीम फाउंडेशन जसवंतगढ़ के मुख्य समन्वयक श्याम बाबू शर्मा ने बताया कि लाडनूं तहसील के कुल 59 राजकीय विद्यालयों में रेमेडियल कोर्स के लिए सेंटर का संचालन किया गया, जिनमें से कुल 1449 रजिस्टर्ड विद्यार्थी लाभान्वित हुए।
सीबीईओ ने निरीक्षण कर की सराहना
इन रेमेडियल कक्षाओं का निरीक्षण लाडनूं के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी कल्याण सिंह ने भी किया। ग्राम ओड़ींट के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में उनके द्वारा किए गए औचक निरीक्षण में सारी व्यवस्थाएं और अध्यापन उत्कृष्ट श्रेणी का पाया गया। इसके लिए मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी कल्याण सिंह ने सुप्रीम फाउंडेशन जसवंतगढ़ के इस कार्य की प्रशंसा की। उन्होंने अपने निरीक्षण के दौरान विद्यार्थियों से रूबरू होते हुए उनसे 15 तक पहाड़े, गिनती, मीनिंग्स व विद्यार्थियों का स्वयं का परिचय हिंदी व अंग्रेजी में पूछा, जिनका बच्चों ने सटीक जवाब देकर उन्हें प्रभावित किया। मुख्य ब्लॉक शिक्षाधिकारी ने इस अवसर पर रेमेडियल कक्षाओं की संपूर्ण जानकारी अलग-अलग समन्वयक से प्राप्त की
टीएलएम के माध्यम से करवाया गया शिक्षण
समन्वयक दिलीप सिंह चौहान ने बताया कि रेमेडियल कक्षाओं में कार्यरत स्वयंसेवक अध्यापकों ने नवाचार के तौर पर विद्यार्थियों को शिक्षण सहायक सामग्री के माध्यम से शिक्षण कार्य करवाया, जिसमें विद्यार्थियों ने आसानी से ज्ञान अर्जित किया। इस दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रम, शनिवार को बाल सभा, विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए विभिन्न गतिविधियों के साथ-साथ आधार कार्ड बनवाने के तरीके आदि की जानकारी भी विद्यार्थियों को दी गई।
सार्वजनिक स्थलों व विद्यालय परिसरों में लगाए 807 परिन्डे व 59 पौधे
समन्वयक रमेश कुमार शर्मा ने बताया कि इन रेमेडियल कक्षाओं के दौरान इन विद्यार्थियों ने इस भीषण गर्मी में भी सुबह 7.30 बजे से 10.30 बजे तक विद्यालय में उपस्थित होकर अध्ययन करने के साथ ही विद्यालयों, सार्वजनिक स्थानों मंदिरों, अस्पताल व श्मशान घाट में कुल 807 परिंडे लगाने तथा पक्षियों के लिए चुग्गे-पानी की व्यवस्थाएं की। इसके साथ ही उन्होंने 59 पौधे भी लगाए। साथ ही पहले से लगे हुए पेड़-पौधों में प्रत्येक दिन पानी दे कर इस भीषण गर्मी में उन्हें जिंदा रखा।
नोट बुक्स की गई वितरित
समन्वयक कृष्ण कांत पारीक ने बताया कि सुप्रीम फाउंडेशन जसवंतगढ़ द्वारा रेमेडियल कक्षाओं के लिए रजिस्टर्ड हुए प्रत्येक विद्यार्थी को 2-2 नोटबुक का एक सेट दिया गया, जिसमें प्रत्येक विद्यार्थी ने इन्हीं नोट बुक में शिक्षण कार्य किए। रेमेडियल कक्षाओं के अंतिम दिन यह नोटबुक उन्हीं विद्यार्थियों को वितरित कर दी जाएगी। इस एक महीने के दौरान समन्वयक दिलीप सिंह चौहान, रमेश कुमार शर्मा व कृष्णकांत पारीक ने इन कक्षाओं के निरीक्षण का कार्य किया।






