दुजार के सिलावट समाज के बीच तीन दिन चले झगड़े के मामले में हत्या के प्रयास का आरोपी हिस्ट्रीशीटर गिरफ्तार, तोड़ डाले थे एक जने के दोनों पैर और एक हाथ,
आरोपी असलम पर पहले भी दर्ज हो चुके 6 मामले, लाडनूं थाने का है हिस्ट्रीशीटर, वारदात के बाद हो गया था फरार
लाडनूं (kalamkala.in)। थानांतर्गत दुजार ग्राम में सिलावट समाज के दो गुटों में हुए झगड़े व मारपीट के मामले में स्थानीय पुलिस ने फरार हुए एक आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। आरोपी को न्यायालय से पुलिस हिरासत के आदेश प्राप्त कर पूछताछ व अनुसंधान किया जा रहा है। हत्या का प्रयास करने के इस प्रकरण में लाडनूं पुलिस ने प्रभावी कार्रवाई करते हुए आरोपी हिस्ट्रीशीटर असलम सिलावट (30) पुत्र रमजुदीन सिलावट निवासी दुजार को गिरफ्तार किया है। इस आरोपी ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर पीड़ित को जान से मारने की नियत से हमला कर उसके साथ गंभीर मारपीट की थी। इस मामले में गत 26 जून को मौसिन सोलंकी पुत्र अनवर निवासी डीडवाना ने पुलिस को रिपोर्ट दर्ज करवाई कि उसके मामा इमरान पुत्र गनी निवासी दुजार के साथ असलम व उसके दो अन्य साथियों द्वारा जानलेवा हमला कर दोनों पैरों को तोड़ दिया तथा एक दाहिना हाथ भी तोड़ दिया था। इस रिपोर्ट को लाडनूं पुलिस ने प्रकरण संख्या 87/2026 अन्तर्गत धारा 115 (2),126 (2), 109, 352, 3 (5) बीएनएस में पंजीबद्ध कर अनुसंधान शुरू किया।
कोर्ट में पेश कर लिया पीसी रिमांड
इस प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए थाना स्तर पर एक टीम का गठन कर मुल्जिम की तलाश शुरू की गई। अपराधी शातिर व बदमाश प्रवृति का होने से तथा लाडनूं पुलिस थाने का हिस्ट्रीशीटर होने से गिरफ्तारी के भय से छुपता रहा। टीम द्वारा अपनी कार्यकुशलता, व मुखबिर की ईतला तथा तकनीकी सहायता से आरोपी असलम पुत्र रमजुदीन सिलावट निवासी दुजार को दस्तयाब कर गिरफ्तार किया जाकर न्यायालय में पेश कर पुलिस अभिरक्षा के आदेश प्राप्त किए गए हैं।
लाडनूं थाने का हिस्ट्रीशीटर है आरोपी असलम
इस प्रकरण में आरोपी असलम सिलावट के विरुद्ध लाडनूं पुलिस थाने में हिस्ट्रीशीट खुली हुई है। उसके विरुद्ध पुलिस के पास दर्ज कुल 6 मामलों में से पुलिस थाना लाडनूं में 3, पुलिस थाना बीदासर में 1, पुलिस थाना पादूकलां में 1 और पुलिस थाना लाहोरी गेट में 1 मुकदमा दर्ज है। इन मामलों में असलम के खिलाफ दो थानों में आर्म्स एक्ट के प्रकरण है तथा एक मामला नाबालिग के अपहरण व दुष्कर्म का पोक्सो एक्ट का भी है। इस प्रकरण में की गई कार्रवाई व गिरफ्तारी में थानाधिकारी शिंभुदयाल मीणा के नेतृत्व में सहायक उप निरीक्षक चेनाराम, सहायक उप निरीक्षक गजेन्द्र सिंह, कांस्टेबल रामचन्द्र, हरिराम व शिवशंकर शामिल रहे। इनमें विशेष भूमिका कांस्टेबल रामचन्द्र की रही।






