गोचर भूमियों के रक्षा के लिए प्रदेश भर में अभियान चलाएगी हिंदू महासभा- बिरड़ा,
मुख्यमंत्री से मिलकर ज्ञापन देगा प्रतिनिधिमंडल

लाडनूं (kalamkala.in)। अखिल भारत हिंदू महासभा के गौरक्षा प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष हनुमान बिरड़ा व राष्ट्रीय संगठन मंत्री पवन गौतम शर्मा ने राजस्थान प्रदेश की अधिकांश जगहों पर सदीन से सुरक्षित गोचर भूमि के संरक्षण व सुरक्षा को लेकर अपनी प्रादेशिक टीम के साथ में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से मिलने और उनसे गोचर भूमि पर हो रहे अतिक्रमणों के खिलाफ सक्षम कार्रवाई के लिए ज्ञापन देना तय किया है। हनुमान बिरड़ा ने बताया कि राजस्थान प्रदेश में लगभग हर गांव-शहर में सैंकड़ों सालों से गोचर की भूमि छोड़ी जाती रही है, ताकि वहां पर गायों के लिए चारागाह सुरक्षित रह सके। इन जमीनों पर गाय माता विचरण कर अपना पेट भरती थी। लेकिन जमीनों की जरूरतें और कीमतें बढ़ने के साथ ही पूरे प्रदेश में गोचर की भूमि पर अवैध कब्जे होने लगे हैं। इन अतिक्रमणों करने वाले भूमाफियाओं के अलावा अवैध खनन करने वाले खनन-माफिया भी मिट्टी, मुरड़, पत्थर आदि भवन-निर्माण सामग्री का दोहन इन गोचर भूमियों से कर रहे हैं। यह सब अवैध गतिविधियां आने वाले समय में सबके लिए घातक सिद्ध होगी। क्योंकि, गोचर भूमि रहेगी, तो गोवंश रहेगा। और जब गोवंश ही नहीं बचेगा आने वाली पीढ़ी के लिए विविध समस्याएं उत्पन्न हो जाएंगी। बच्चों के लिए शुद्ध दूध उपलब्ध करवाना सबसे बड़ी समस्या बन कर सामने आने वाली है। भारतीयों के लिए गौ को माता और आराध्य का दर्जा दिया जाता है। गाय हमारी धार्मिक आस्था का केंद्र है। हमारी संस्कृति गौकृषि आधारित संस्कृति है। इसे बचाने के लिए हमें सबसे पहले गोचर भूमि के संरक्षण का काम करना होगा। इसके लिए राजस्थान सरकार को जहां कहीं पर भी गोचर भूमि पर अतिक्रमण किया हुआ है, उसे एक प्रदेशव्यापी अभियान चलाया जाकर अतिक्रमणों को हटवाया जाए तथा अतिक्रमण कर्ता के खिलाफ उचित व सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जानी चाहिए। कड़ा दंड दिए जाने पर भविष्य में कोई भी गोचर भूमि पर अवैध कब्जे की हिम्मत नहीं कर सकेगा।







