चतुर्थ राष्ट्रीय लोक अदालत में 213 प्रकरणों का किया गया आपसी समझाईश से निस्तारण

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चतुर्थ राष्ट्रीय लोक अदालत में 213 प्रकरणों का किया गया आपसी समझाईश से निस्तारण

 लाडनूं। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण जयपुर व जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मेड़ता के निर्देशानुसार यहां वरिष्ठ सिविल न्यायाधीश एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट के न्यायालय में लंबित व स्थानीय ताल्लुका विधिक सेवा समिति पर प्राप्त प्रि-लिटिगेशन स्तर के प्रकरणों तथा स्थानीय उपखंड कार्यालय के राजस्व प्रकरणों में राजीनामा योग्य प्रकरणों के निस्तारण के संबंध में आयोजित चतुर्थ राष्ट्रीय लोक अदालत में गठित वरिष्ठ सिविल न्यायाधीश एवं अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट डाॅ. विमल व्यास की अध्यक्षता में गठित बैंच में राजस्व अधिकारी के रूप में उपखंड अधिकारी अनिल कुमार गढवाल, बैंच सदस्य अधिवक्ता छोगाराम बुरड़क तथा अन्य अधिवक्ताओं के साथ ही वभिन्न संस्थानों/विभागों के अधिकारियों व प्रतिनिधियों के प्रयासों से राजीनामों के लिए प्रयास किए जाकर कुल 213 प्रकरणों का निस्तारण किया गया। इनमें प्रि-लिटिगेशन प्रकरण, दाण्डिक शमनीय प्रकरण, धारा 138 एनआई एक्ट प्रकरण, वैवाहिक विवाद प्रकरण, सिविल प्रकरण शामिल थे। कुल प्रस्तुत 1061 प्रकरणों में से 213 का निस्तारण किया जाकर अवार्ड राशि 7 लाख 49 हजार 109 रूपए वसूली गई।

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Author: kalamkala

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