तप करने से मन, वचन, काया की शुद्धि होती है- हाकम साध्वी कार्तिक यशा, तपस्विनी रिजुल कोचर का तप अभिनंदन कार्यक्रम आयोजित

SHARE:

[responsivevoice_button voice="Hindi Female"]

तप करने से मन, वचन, काया की शुद्धि होती है- हाकम साध्वी कार्तिक यशा,

तपस्विनी रिजुल कोचर का तप अभिनंदन कार्यक्रम आयोजित

लाडनूं (kalamkala.in)। शासनश्री मुनि विजय कुमार स्वामी, तपस्वी मुनिश्री जयकुमार एवं शासन गौरव साध्वीश्री कल्पलता की प्रेरणा से तेरापंथ की राजधानी लाडनूं में स्व. हंसराज-हनुमानी देवी कोचर की पौत्री एवं राकेश-रेणु व भारत-राज की पुत्री सुश्री रिजुल कोचर के 9 की तपस्या का तप अभिनंदन का कार्यक्रम सोमवार को वृद्ध सेवा केंद्र व्यवस्थापिका साध्वीश्री कार्तिक यशा के सान्निध्य में आयोजित किया गया। इसमें उपस्थित सभी सभा-संस्थाओं के प्रतिनिधियों द्वारा तपस्विनी बहन रिजुल कोचर का साहित्य व दुपट्टे द्वारा अभिनंदन किया गया। कार्यक्रम में हाकम साध्वी कार्तिक यशा ने कहा कि तपस्या की अनुमोदना तपस्या द्वारा ही करनी चाहिए। श्रावक-श्राविका समाज को उन्होंने प्रेरणा देते हुए कहा कि तप करने से मन, वचन, काया की शुद्धि होती है, इसलिए सभी को इस तरफ अपने कदम बढ़ाने चाहिए। कार्यक्रम में समणी मंजू प्रज्ञा, महिला मंडल और पारिवारिक जनों ने गीतिकाएं प्रस्तुत की। तेरापंथ सभा के मंत्री राकेश कोचर, युवक परिषद के मंत्री राजकुमार चोरड़िया, तेरापंथ युवक परिषद के अध्यक्ष सुमित मोदी, अणुव्रत समिति के अध्यक्ष शांतिलाल बैद, सामाजिक कार्यकर्ता लक्ष्मीपत बैंगाणी, रिजूल का भाई ऋषभ कोचर, तेरापंथ की सभा के पूर्व अध्यक्ष सम्पत डागा, ज्ञानशाला की मुख्य प्रशिक्षिका सपना भंसाली, कन्या मंडल संयोजिका कोमल चौरड़िया आदि ने भी अपने भावों को अभिव्यक्ति प्रदान की। इस अवसर पर काफी संख्या में श्रावक-श्राविका समाज मौजूद रहा।कार्यक्रम का संयोजन महिला मंडल कार्यसमिति की सदस्या राजश्री भूतोड़िया ने किया।

kalamkala
Author: kalamkala

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सबसे ज्यादा पड़ गई

गैस उपभोक्ताओं के हितों की सुरक्षा के लिए सख्ती, गैस एजेंसियों की होगी नियमित जांच तथा दोषी पाए जाने पर किया जाएगा दंडित, जिले की 3 गैस एजेंसियों पर औचक निरीक्षण कर विभिन्न अनियमिताएं पाए जाने पर लगाया 19500 रुपये का जुर्माना

शहर चुनें

Follow Us Now