धर्म और संयम में रत रहकर करें सभी काम- मुनिश्री जयकुमार, तपस्वी मुनिश्री जयकुमार के मंगल प्रवेश पर अभिनंदन कार्यक्रम आयोजित

SHARE:

[responsivevoice_button voice="Hindi Female"]

धर्म और संयम में रत रहकर करें सभी काम- मुनिश्री जयकुमार,

तपस्वी मुनिश्री जयकुमार के मंगल प्रवेश पर अभिनंदन कार्यक्रम आयोजित

लाडनूं (kalamkala.in)। तेरापंथ धर्मसंघ के तपस्वी मुनिश्री जयकुमार ने कहा है कि प्रत्येक व्यक्ति के जीवन में एक उद्देश्य होना चाहिए। उद्देश्यहीन जीवन भटकाव देता है। उद्देश्य क्या है, भगवान महावीर ने कहा कि हर मनुष्य व्यक्तिगत रूप से 6 क्रियाएं करता है- चलना, उठाना, बैठना, सोना, खाना और बोलना। इन क्रियाओं को करने में अगर व्यक्ति संयम से रहे तो पाप, कर्म, बंध से बच सकता है। इन क्रियाओं में अगर राग-द्वेष से लिप्त होकर कार्य करता है, तो कर्म बंध होंगे और भव-भ्रमण का कारण होगा। हमारा उद्देश्य हो कि राग-द्वेष मोह से मुक्त होकर वीतरागता की ओर कदम बढ़ाएं। जीवन में सब तरह की परिस्थितियां आती हैं, पर हमें धैर्य नहीं खोना चाहिए। हमें धर्म और संयम में रत रहकर काम करना चाहिए। मुनि प्रवर ने कृष्ण, दुर्योधन व युधिष्ठिर के एक दृष्टांत के माध्यम से समझाया कि जिसकी जैसी दृष्टि होती है, उसे वैसा ही नजर आता है। सज्जन को सभी सज्जन लगते हैं और दुर्जन को सभी दुर्जन लगते हैं। वे यहां अपने मंगल प्रवेश के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहे थे।

सहवर्ती संत के साथ हुआ मंगल प्रवेश 

मुनिश्री जयकुमार अपने सहवर्ती संत मुनि मुदित कुमार के साथ सुजानगढ़ से सोमवार को सवेरे 6.15 पर विहार कर 8 बजे आदर्श विद्या मंदिर में पहुंचे। वहां से विहार करके मुनिश्री जयकुमार ने प्रातः 8.15 बजे पर ऋषभ द्वार प्रांगण में प्रवेश किया। मुनिश्री के विहार के अवसर पर काफी संख्या में सुजानगढ़ व लाडनूं के श्रावक-श्राविकाएं उपस्थित रहीं। मुनिश्री जयकुमार के आगमन पर लाडनूं श्रावक समाज में हर्षोल्लास रहा।

दूध और मिश्री की तरह होता है संतों का मिलन

ऋषभ द्वार में मुनिश्री के स्वागत-अभिनंदन के इस कार्यक्रम में शासनश्री विजय मुनि ने कहा कि हर्ष का विषय है कि संतों का मिलन हुआ है। यह मिलन दूध और मिश्री का मिलन है। जय मुनि का धर्म संघ में विशिष्ट स्थान है, इन्होंने कितने-कितने मंत्र दिए हैं। आप तपस्वी संत हैं, गुनी संत हैं, आपके आने से हम निश्चिंत हो गए। महिला मंडल की बहनों व तन्मय मुनि ने कार्यक्रम में गीतिकाएं प्रस्तुत की। इस अवसर पर धरमचंद लूंकड़, भागचंद बरड़िया, राजकुमार चोरड़िया, राजेश बोहरा, तेरापंथी सभा के मंत्री राकेश कोचर, महेंद्र बाफना, अणुव्रत समिति के अध्यक्ष शांतिलाल बैद, मंत्री राज कोचर, महिला मंडल की मंत्री लीना दूगड़, उप मंत्री सुनीता बैद, उपमंत्री पार्षद रेणु कोचर, कोषाध्यक्ष सुमन बैद, सुरेश मोदी आदि उपस्थित रहे।

kalamkala
Author: kalamkala

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सबसे ज्यादा पड़ गई

लाडनूं शहर में अतिक्रमण हटाने पहुंचे नगर पालिका के दस्ते को लौटना पड़ा बैरंग, नहीं मिल पाई समय पर पुलिस इमदाद, ठेला चालक झगड़े पर हुए उतारु, क्यों नहीं सब्जी विक्रेताओं को पुरानी सब्जी मंडी में प्लॉट देकर बैठाया जाए, समस्या का स्थाई समाधान जरूरी

शहर चुनें

Follow Us Now