महिलाओं की उड़ान को थमने नहीं दें, उनके लिए सुरक्षित वातावरण में समाज सहयोग करे- पुलिस महानिदेशक मालिनी अग्रवाल,
डीडवाना-कुचामन जिला पुलिस का ‘महिला सुरक्षा संकल्प अभियान समारोह पूर्वक सम्पन्न







कुचामन सिटी (kalamkala.in)। यहां जूसरी रोड स्थित टैगोर साइंस रेजिडेंशियल सैनिक स्कूल में ‘महिला सुरक्षा जागरूकता, संवाद एवं महिला सम्मान समारोह’ का आयोजन हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जिले भर से आई महिलाओं एवं कन्याओं को राजकॉप सिटीजन ऐप, महिला हेल्पलाइन 1090, आपातकालीन सेवा 112, साइबर हेल्पलाइन 1930, SHe-Box, कालिका पेट्रोलिंग यूनिट, महिला बीट अधिकारी योजना, वरिष्ठजन संबल योजना एवं महिला सुरक्षा संबंधी कानूनों की जानकारी दी गई। कार्यक्रम मे महिला सुरक्षा को जनभागीदारी से जोड़ते हुए पुलिस एवं समाज के बीच विश्वास एवं समन्वय को मजबूत करने का संदेश दिया गया।
विगत माह महिला सुरक्षा संकल्प अभियान के तहत उत्कृष्ट कार्य करने पर आरपीएस ऋतु कुमारी एवं थानाधिकारी परबतसर पुलिस निरीक्षक सुमन बुंदेला को महानिदेशक मालिनी अग्रवाल द्वारा प्रशंसा-पत्र देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर पुलिस अधिकारियों द्वारा तैयार महिला सुरक्षा से संबंधित पुस्तिका ‘अपराजिता’ का विमोचन भी किया गया। साथ ही महिला सुरक्षा, सम्मान एवं सशक्तिकरण की दिशा में उत्कृष्ट कार्य करने वाली 13 महिलाओं को सम्मानित किया गया। महिला एवं बाल अपराधों से संबंधित केस स्टडी के लिए जैन विश्व भारती के महाप्रज्ञ प्रोग्रेसिव स्कूल के एनसीसी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया।
पुलिस महानिदेशक मालिनी अग्रवाल ने कहा, महिला सशक्त होंगी तो समाज सशक्त होगा
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि पुलिस महानिदेशक (यातायात) मालिनी अग्रवाल ने सम्बोधित करते हुए कहा कि पिछले एक माह से चल रहा महिला सुरक्षा व संरक्षण जागरूकता अभियान पूरी तरह सफल रहा है। महिलाएं निर्भीक होकर काम पर जाने लगी हैं। देर रात तक भी ड्यूटी करती हैं। उन्होंने कहा कि महिलाओं की इस उड़ान को थमने नहीं दें, पर उन्हें सुरक्षा जरूर दें। आज महिलाएं काफी सुरक्षित महसूस करने लगी हैं। वे सुरक्षित हैं, तभी अपने सपनों को पूरा कर रहीं हैं। ऐसी सुविधाएं होनी चाहिएं कि उनके अभिभावक भी महसूस करें कि उनकी बच्ची सुरक्षित हैं। उन्होंने कहा कि राजस्थान पुलिस हमेशा महिला सुरक्षा के लिए खड़ी है। लेकिन, पुलिस के साथ-साथ समाज की भी जिम्मेदारी महिला सुरक्षा के प्रति बनती है। महिला सशक्त होगी तो सभी सशक्त हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि कहीं भी कोई गलत काम नजर आए तो उसकी सूचना तत्काल पुलिस तक पहुंचाएं। आज बच्चियां सुरक्षित हैं और वे जानती हैं कि कभी कहीं असुरक्षा महसूस हो तो उन्हें क्या करना है। यह काम ‘सुरक्षा सखियों’ के बिना संभव नहीं है। यह प्रोग्राम सफलता की ओर बढ रहा है, यह रुकना नहीं चाहिए। यह एक चैन की तरह चलता रहना चाहिए। तभी महिलाएं अधिक हिम्मत से आगे बढ पाएंगी।
हिम्मत नहीं खोएं तो किया जा सकता है बचाव
पुलिस महानिदेशक ने कहा कि चुप रहना सबसे बड़ा अपराध है। कुछ भी अच्छा नहीं हो तो आप पुलिस के पास आएं, आपका नाम गोपनीय रखा जाएगा। इसलिए हिम्मत दिखाएं। हर पुलिस थाने में महिला डेस्क अलग होती हैं और कालिका पैट्रोलिंग टीम हर वक्त मदद के लिए तैयार रहती है। अगर रात को दो बजे भी कुछ होता है तो आपके फोन से आपकी लोकेशन ट्रेस करके पुलिस मौके पर पहुंच जाएगी। उन्होंने कहा कि अपने मोबाइल में दो-तीन एसओएस नम्बर सेव करके रखें। ये आपात स्थिति में काम आते हैं। अगर आपके पास मोबाइल नहीं है, तो आत्मरक्षा के गुर सीखें, वे काम आएंगे। कहीं कोई दुर्व्यवहार हो तो फोर्स इस्तेमाल करें, चिल्लाएं। किसी नजदीकी रेलवे स्टेशन, भीड़भाड़ वाली जगह, कालिका टीम, मददगार के पास जाएं। कभी हिम्मत नहीं खोएं, तभी बचाव किया जा सकता है। आप किसी सेफ्टी पिन का इस्तेमाल भी बचाव के लिए कर सकती हैं। पेपर स्प्रे, चिल्ली स्प्रे आदि अपने पास रखें, मुसीबत में इनका प्रयोग किया जा सकता है। हमेशा यह सोचें कि आप स्ट्रोंग हैं। उन्होंने छात्राओं एवं महिलाओं से सीधा संवाद कर उन्हें विभिन्न आत्मरक्षा के उपाय बताए।
एडिशनल एसपी और प्रो आरपीएस ने दिया महिला सशक्तिकरण पर जोर
कार्यक्रम में एडिशनल पुलिस अधीक्षक डीडवाना हिमांशु शर्मा ने एक महीने तक जिले भर में चले महिला सुरक्षा कार्यक्रम की जानकारी दी और कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत की। प्रोबेशनरी आरपीएस अधिकारी ऋतु कुमारी ने महिला सुरक्षा व पुलिस से सम्बन्धित सभी हेल्प लाइन नम्बरों, राजकॉप एप आदि के बारे में विस्तार से बताया और महिलाओं को अपनी सुरक्षा के प्रति सदैव जागरूक रहने की आवश्यकता बताई। उन्होंने महिला सुरक्षा, सम्मान एवं सशक्तिकरण तथा राज्य में महिला सुरक्षा हेतु उठाए जा रहे विभिन्न उपायों के संबंध में व्यापक जागरूकता बढ़ाने हेतु संपूर्ण राजस्थान में चलाए जा रहे महिला सुरक्षा संकल्प अभियान के बारे में भी विस्तार से बताया। उन्होंने महिलाओं को RajCop Citizen App डाउनलोड करवाने के साथ-साथ महिला गरिमा हेल्पलाइन 1090, आपातकालीन सेवा 112, साइबर हेल्पलाइन 1930, SHe-Box, कालिका पेट्रोलिंग यूनिट एवं महिला बीट अधिकारी योजना सहित महिला सुरक्षा से संबंधित विभिन्न योजनाओं एवं कानूनों के बारे में सरल एवं प्रभावी तरीके से जागरूक किया। साथ ही महिलाओं एवं बालिकाओं को आत्मरक्षा, साइबर सुरक्षा, सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षित व्यवहार तथा छेड़छाड़ एवं स्टॉकिंग जैसे अपराधों की शिकायत तत्काल पुलिस को देने के लिए प्रेरित किया।
महिला सुरक्षा पर हुआ महिलाओं से गहन संवाद
जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. प्यारे लाल शिवरान के निर्देशन में सोमवार को टैगोर साइंस रेजिडेंशियल सैनिक स्कूल कुचामन सिटी में आयोजित इस महिला वॉलंटियर्स, सुरक्षा सखियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं तथा राजीविका से सम्बद्ध महिलाओं साथिनों व महिला सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी महिलाओं एवं बालिकाओं के साथ महिला सुरक्षा जागरूकता संवाद एवं सम्मान समारोह में पुलिस महानिदेशक यातायात श्रीमती मालिनी अग्रवाल का स्वागत जिला पुलिस एवं स्कूल प्रबन्धन द्वारा स्वागत किया गया। कार्यक्रम में प्रेजेंटेशन के माध्यम से सभी सम्मिलित महिलाओं एवं बालिकाओं को महिला सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी दी गई। जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. प्यारे लाल शिवरान ने सैनिक स्कूल में बताया कि महिला सुरक्षा संकल्प अभियान के अंतर्गत महिला सुरक्षा के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने, समाज में महिलाओं की सहभागिता को प्रोत्साहित करने तथा महिला सशक्तिकरण एवं महिलाओं की सुरक्षा के लिए राजस्थान सरकार एवं पुलिस मुख्यालय राजस्थान जयपुर द्वारा चलाई जा रही विभिन्न योजनाओं के बारे में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से जिला पुलिस द्वारा महिला सुरक्षा संवाद कार्यक्रम एवं महिला सम्मान समारोह का आयोजन किया गया है। कार्यक्रम में महिला सुरक्षा से संबंधित कानूनों, अधिकारों एवं पुलिस द्वारा उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सुरक्षा सेवाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
वाहनों से निकाली गई महिला सुरक्षा एवं जागरूकता रैली
इस कार्यक्रम के दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कुचामन विमल सिंह द्वारा तैयार की गई महिला सुरक्षा एवं महिला अपराधों से संबंधित जानकारी तथा पुलिस मुख्यालय द्वारा महिला सुरक्षा के लिए किए जा रहे विभिन्न प्रयासों एवं कार्यों को संकलित करते हुए तैयार की गई पुस्तिका ‘अपराजिता’ काविमोचन पुलिस महानिदेशक मालिनी अग्रवाल द्वारा किया गया।कार्यक्रम के पश्चात महिला सुरक्षा एवं जागरूकता रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया, जिसके माध्यम से कुचामन शहर में महिला सुरक्षा एवं जागरूकता का संदेश प्रसारित किया गया। कार्यक्रम में जिले भर के विभिन्न पुलिस अधिकारियों के साथ लाडनूं से कालिका टीम की किरण, कमला, प्रभु, सुरक्षा सखी सुमित्रा आर्य, जैन विश्व भारती से विजयश्री शर्मा, एनसीसी की कैडेट्स आदि उपस्थित रहे।







