ढींगसरी में खेतों में आवागमन के लिए रास्ते के लिए जमीन हथियाने के लिए समर्पण की गई जमीन का किया बेचाननामा,
पिता ने बेटों के साथ मिलकर अपनी पत्नी के नाम दिखाया बेचान, चारों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज
लाडनूं (kalamkala.in)। तहसील के ढींगसरी गांव में परस्पर सहमति से खेतों में आने-जाने के लिए रास्ता छोड़ने की तय करके तहसीलदार के समक्ष समर्पित रास्ते की जमीन के धोखाधड़ी पूर्वक बेचान दिखा कर हड़पने की साज़िश का खुलासा निम्बी जोधां पुलिस थाना में दर्ज एक रिपोर्ट से हुआ है। यह रिपोर्ट गोपालराम (54) पुत्र सांवताराम जाट निवासी ढींगसरी ने दर्ज करवाई है। रिपोर्ट में बताया गया है कि उसका सगा चाचा खिंवसीराम (84) पुत्र लालूराम जाट, चाची सोहनी (81) पत्नी खिंवसीराम जाट व चचेरे भाई गुमानाराम (59) पुत्र खिंवसीराम जाट व मुलाराम (55) पुत्र खिंवसीराम जाट सभी निवासी ढींगसरी पर उसके व उसके परिवार के साथ आपराधिक षड्यंत्र रचकर धोखाधड़ी करने का आरोप लगाया है।
रास्ते पर सहमति लेकर दोनों पक्षों ने जमीन का किया था तहसीलदार को समर्पण
रिपोर्ट में बताया गया है कि इन चारों ने उसके व उसके भाई-बहनों से अपने खेतों में आने-जाने के लिए खसरा नम्बर 701/568 में से दक्षिणी सींव 16 फुट चौडा व 269 फुट लम्बा पूर्व से पश्चिम रास्ता व खसरा नं. 703/571 की दक्षिणी सींव 16 फुट चौडा व 500 फुट लम्बा पूर्व से पश्चिम रास्ता समर्पण इस आश्वासन के साथ करवाया कि वे चारों उन्हें खसरा नं 1124/490 में आने-जाने के लिए खिंवसीराम की खातेदारी की भूमि खसरा नं 1125/490 में में पूर्वी दिशा में 16 फुट चौडा 98 फुट लम्बा उत्तर से दक्षिण रास्ता दे देंगे। उसने व उसके भाई-बहिनों ने गत 20 मार्च को आरोपीगण के कथनों पर विश्वास कर अपनी खातेदारी की भूमि तहसीलदार लाडनूं के समक्ष रास्ते के लिए समर्पित कर दी एवं उसी दिन आरोपी खिवसीराम ने भी खसरा नं 1125/490 में से रास्ते की भूमि तहसीलदार के समक्ष समर्पित कर दी थी।
पिता व बेटों ने मिल मां के नाम किया रास्ते की जमीन का बेचाननामा
आरोपीगण उसे व उसके परिवार के साथ धोखाधड़ी करना चाहते थे। इसी उद्देश्य से 22 अप्रैल को आरोपीगण ने मिलकर एक विक्रय पत्र सिर्फ उसके साथ धोखा करने व उसे नुकसान पहुंचाने की गरज से तैयार किया एवं खिंवसीराम ने रास्ते की समर्पित भूमि सहित खसरा नं. 1125/490 की भूमि का विक्रय पत्र अपनी पत्नी सोहनी के पक्ष में निष्पादित कर दिया एवं इनके पुत्रों गुमानाराम व मुलाराम इस विक्रय पत्र के साक्षी बन गये। जबकि इन चारों आरोपियों को भलीभांति ध्यान था कि हमने अपने खेतों में आने-जाने के रास्ते के लिये प्रार्थी से 20 मार्च 2025 को उसकी खातेदारी की भूमि रास्तों के लिये समर्पित करवाई तथा बदले में खिंवसीराम ने भी अपनी भूमि समर्पित की। उसके बावजूद भी आरोपीगण ने प्रार्थी के साथ धोखाधडी करने व एवं उसे नुकसान पहुंचाने व स्वयं को लाभ पहुंचाने के लिए इस भूमि का 14 हजार 208 रूपये में बेचाण करना एवं खिंवसीराम को रूपयों की सख्त जरूरत होने का उल्लेख कर मुलाराम व गुमानाराम ने साख डालकर अपनी मां के पक्ष में विक्रय पत्र निष्पादित करवाकर उसके साथ सउद्देश्य धोखाधड़ी की है। यह रिपोर्ट पुलिस ने धारा 318 (4), 61 (2) (A) बीएनएस के तहत दर्ज की है। मामले की जांच थानाधिकारी रामेश्वरलाल (एसआई) कर रहे हैं।






