- गणेश की वंदना विद्यार्थी जीवन में स्फूर्ति, जिज्ञासा एवं ज्ञान का संवर्धन करती है- प्रो. त्रिपाठी
लाडनूं। जैन विश्वभारती संस्थान के आचार्य कालू कन्या महाविद्यालय में गणेश चतुर्थी के अवसर पर प्राचार्य प्रो. आनंदप्रकाश त्रिपाठी ने कहा कि ईश्वर की आराधना से मनुष्य को जो आत्माबल मिलता है, उसकी कल्पना एवं तुलना अन्यत्र नहीं की जा सकती। उन्होंने भारतीय संस्कृति एवं सनातन जीवन मूल्यों में प्रथम पूजनीय भगवान् श्रीगणेश की उत्पत्ति एवं उनसे जुड़े रोचक प्रसंगों के माध्यम से छात्राओं का ज्ञान वर्धन किया। उन्होंने बताया कि माता-पिता के स्थान को सर्वोपरि बताते हुए माता-पिता की सेवा में संपूर्ण ब्रह्मांड को नाप लेने की अद्भुत अलौकिक सत्ता होने का ज्ञान भी गणेश ने ही करवाया था। प्रो. त्रिपाठी ने भगवान गणेश की नित्य आराधना को विद्यार्थी जीवन से जोड़ते हुए बताया कि भगवान गणेश की नित्य वंदना विद्यार्थी जीवन में स्फूर्ति, जिज्ञासा एवं ज्ञान का संवर्धन करती है। इस अवसर पर प्रो. रेखा तिवारी, डॉ. बलबीर सिंह, अभिषेक चारण, श्वेता खटेड़, अभिषेक शर्मा, प्रेयस सोनी, देसना चारण, घासीलाल शर्मा आदि मौजूद रहे ।







