दी नागौर सैंट्रल कोआपरेटिव बैंक लिमिटेड की 49वीं वार्षिक साधारण सभा आयोजित, 66.19 करोड़ का बजट पारित,
बैंक के अधीनस्थ सहकारी समितियों की दशा सुधारने और व्यवस्थापकों की समस्याएं ठीक करने पर हुआ चिंतन

नागौर (kalamkala.in)। दी नागौर सैंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लि. नागौर की 49वीं वार्षिक साधारण सभा का आयोजन बैंक के प्रशासक जिला कलेक्टर अरुण कुमार पुरोहित की अध्यक्षता में नागौर टाउन हॉल में किया गया। सभा में अतिथियों के रूप में नागौर उपभोक्ता होलसेल भंडार लि. की अध्यक्षा सरोज चौधरी, पूर्व विधायक नारायण बेनिवाल, भूमि विकास बैंक के अध्यक्ष नंदकिशोर सदावत, लाडनूं आदर्श सहकारी उपभोक्ता भंडार लि. की अध्यक्षा सुमित्रा आर्य, नागौर अरबन कोआपरेटिव बैंक के अध्यक्ष नरेन्द्र कच्छावा, प्रेमसुख कड़वासरा मूंडवा, मधु चौधरी, सुभाष शर्मा, कमल रुलानिया व किशोर साहू मंचस्थ रहे। सभी अतिथिगण का स्वागत-सम्मान ग्रीन प्लांट भेंट करके किया गया। , साधारण सभा में बैंक के 142 सदस्यों ने भाग लिया। साधारण सभा की बैठक में बैंक का वर्ष 2025-26 का 66 करोड़ 19 लाख का बजट सर्वसम्मति से पारित किया गया।
कलेक्टर ने पेश की एक साल की प्रगति रिपोर्ट
बैठक के प्रारम्भ में जिला कलेक्टर एवं बैंक प्रशासक अरुण कुमार पुरोहित ने अपने प्रशासकीय उद्बोधन में एक साल के दौरान बैंक की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। उन्होंने बताया कि ऋण माफी पेटे बकाया ब्याज की राशि 2940 लाख बकाया सहित बैंक 3068 लाख की हानि में रही है। बैंक का अल्पकालीन ऋण वितरण लक्ष्य से 102.51 प्रतिशत रही। वार्षिक कार्य योजना में बैंक की अमानतों के स्तर को 610 करोड़ तक पहुंचाया जाएगा। पहली ऋण के लक्ष्य 679 करोड़ की शत-प्रतिशत प्राप्ति करना, बैंक के वसूली स्तर को 100 प्रतिशत तक पहुंचाना और नवगठित ग्राम सेवा सहकारी समितियों के लिए गोदाम बनाने के लिए नि: शुल्क भूमि आवंटन करवा कर भवन निर्माण करवाया जाएगा। उन्होंने बताया कि बैंक के क्षेत्राधीन कार्यरत सभी 324 पैक्स को कम्प्यूटरीकृत किया जाकर सभी के पूर्ण डाटा को कॉप्स इंडिया पोर्टल पर अपलोड कर इन्हें गो-लाईव कर ई-पैक्स बनाया जाना है। उन्होंने बैंक की मुख्य गतिविधियों की जानकारी देते हुए सभी सदस्य समितियों के अध्यक्षों का स्वागत व अभिनंदन किया। उन्होंने सभी समितियों की लाभप्रदता बढ़ाने पर बल दिया।
बेनीवाल ने किया बैंक को डूबती हालत से बचाने का आह्वान
पूर्व विधायक नारायण बेनीवाल ने नागौर कोआपरेटिव सहकारी बैंक के 31 करोड़ के घाटे में चलने पर सवाल उठाया। उन्होंने अपने परिवार द्वारा सहकारी बैंक के लिए प्रदत्त सेवाओं को याद करते हुए बैंक को घाटे से उबारने का आह्वान किया। उन्होंने ग्राम सेवा सहकारी समितियों और बैंक प्रबंधन के बीच कम्युनिकेशन के अभाव को अनुचित बताया और कहा कि सभी समितियों के अध्यक्षों और व्यवस्थापकों के साथ सामंजस्य बैठाया जाने की आवश्यकता है। उन्होंने समितियों को खाद वितरण का काम सौंपे जाने और व्यवस्थापकों के साथ दोहरा व्यवहार नहीं किए जाने पर बल दिया।
प्रबंध निदेशक ने किया सभा का एजेंडा प्रस्तुत
बैंक के प्रबंध निदेशक जयपाल गोदारा ने सभा में विचारार्थ विषयों को प्रस्तुत किया। इनमें 26 मार्च 2025 की साधारण सभा कार्यवाही की पुष्टि, वर्ष 2024-25 के अंकेक्षित लाभ-हानि खाते व संतुलन पत्र का अनुमोदन, ऑडिट रिपोर्ट अनुपालन की पुष्टि, वर्ष 2025-26 हेतु स्वीकृत बजट का अनुमोदन, वर्ष 2026-27 हेतु अधिकतम साख सीमा स्वीकृति तथा 2024-25 के बजट के विरुद्ध अधिक हुए खर्चों की पुष्टि जैसे बिंदु शामिल रहे। सभी विषयों पर विस्तृत चर्चा के बाद सदस्यों ने अनुमोदन प्रदान किया।
इन सबने किया सभा को सम्बोधित
सभा को नागौर सहकारी उपभोक्ता होलसेल भंडार लि. की अध्यक्ष सरोज चौधरी, रजिस्ट्रार सहकारी समितियां सुभाषचन्द सिर्वा, नागौर अर्बन कोआपरेटिव बैंक के अध्यक्ष नरेन्द्र कच्छावा, प्रेमसुख कड़वासरा मूंडवा, प्रेमाराम रैवाड़ लाडनूं आदि एवं उपस्थित विभिन्न समितियों के अध्यक्षों और प्रतिनिधियों ने सहकारिता की योजनाओं के प्रचार-प्रसार, भूमिहीन सहकारी संस्थाओं को भूमि आबंटन, समय पर ऑडिट, किसानों को ऋण उपलब्ध कराने, ऋण सीमा बढ़ाने, फसल बीमा में सुधार, सहकार जीवन सुरक्षा बीमा योजना के समय पर लाभ तथा अवधिपार ऋण वसूली जैसे मुद्दों पर अपने विचार रखे। अंत में प्रबंध निदेशक जयपाल गोदारा ने सभी सदस्यों का आभार व्यक्त किया।






