लाडनूं में लोकपर्व गणगौर का बोलावणी मेला गौर व ईशर के फेरों के साथ हुआ सम्पन्न,
तीन-तीन गौर-ईशर की प्रतिमाओं की शाही सवारी निकाली शाही लवाजमे के साथ







लाडनूं (kalamkala.in)। लोकपर्व गणगौर को यहां अति उत्साह और हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। यहां बस स्टेंड पर राहू कुआं पर शहर के अलग-अलग क्षेत्रों से आए तीन गौर-ईशर की प्रतिमाओं की पूजा-दर्शन और फेरों की रस्म पूरी की गई। महिलाओं के वैवाहिक गीतों के साथ सभी रस्में अदा की गई। यहां श्री सत्यनारायण मंदिर, श्री रघुनाथ मंदिर और चारभुजा मंदिर से गणगौर की शाही सवारियां निकाली गई। सशस्त्र पहले में नाचते-गाते महिला-पुरुषों ने गौर-ईशर को शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होते हुए राहू कुआं पहुंचाई। हजारों लोगों की भीड़ के बीच गणगौर का मेला इस बार विशेष आकर्षण का केंद्र रहा। बस स्टेंड पर खाट पर ऊंट का नृत्य, अग्नि नृत्य का प्रदर्शन, गौरड़ी नृत्य, घोड़े का नृत्य आदि ने लोगों को खास लुभाया। गणगौर मेले में विभिन्न संस्थाओं-संगठनों द्वारा पेयजल आदि की व्यवस्था की। भारत विकास परिषद द्वारा यहां शनि मंदिर के सामने पेयजल की व्यवस्था की, जिसमें भाजपा नेता ठाकुर करणीसिंह, नीतेश माथुर, सुशील दाधीच, मोहनसिंह चौहान, गोविंद सिंह कसूम्बी, प्रवीण बरड़िया, नोरतनमल रैगर, गौतमदत्त शास्त्री, कैलाश घोड़ेला, प्रेमप्रकाश चौहान, पवन महेश्वरी, डॉ. वीरेंद्र भाटी मंगल आदि ने सेवाएं प्रदान कीं। मेले में रीयल हेल्प ब्यूरो की महिला प्रदेशाध्यक्ष पार्षद सुमित्रा आर्य, पार्षद विजयलक्ष्मी पारीक, पालिकाध्यक्ष रावत खां लाडवाण, विजय कुमार भोजक, रामनिवास पटेल, जगन्नाथ बुरड़क, सुखदेवा राम प्रजापत, जगदीश पारीक, पूर्णाराम, शिम्भुसिंह जैतमाल, पिंटुसिंह जैतमाल, नरेंद्र भोजक, रामनिवास सैनी, विनोद खटेड़, निर्मल आर्य, रामेश्वर सूंठवाल, बृजेश माहेश्वरी, दानमल भोजक, विजय सिंह चौहान, महेश भोजक, मुरलीधर सोनी, बाबूलाल प्रजापत, बच्छराज प्रजापत, राम शर्मा, वेदप्रकाश आर्य, रामसिंह रैगर आदि उपस्थित रहे। मेले के दौरान पुलिस व पालिका प्रशासन की व्यवस्थाएं श्रेष्ठ रही।







