लाडनूं में विधिपूर्वक रोपा गया ‘फागण का डांडा’, युवाओं ने जुलूस के साथ किया फाल्गुन माह का आगाज,
चंग की थाप के साथ शुरू हुआ होली-गीतों का समूह-गान, शुरू हुआ फागण का मस्ती का माहौल



लाडनूं (kalamkala.in)। माघ माह के अंतिम दिवस माघी पूर्णिमा पर होली के माहौल का आगाज यहां ‘डांडा-रोपण’ कार्यक्रम से विधि-विधान पूर्वक किया गया। यहां बस स्टेंड और कमल चौक पर खेजड़ी की बड़ी टहनी (डाली) को पूजा-पाठ, मंत्रोच्चार के साथ रोपित किया गया। इस टहनी को फाल्गुन पूर्णिमा पर होली के दिन ही ‘होलिका-दहन’ के साथ ही वापस उखाड़ा जाएगा। रविवार को सेवकों के चौक से जुलूस के साथ चंग व बाजों के साथ गाने-बजाते युवा बस स्टेंड पहुंचे और दूसरी तरफ मालियों के बास से भी युवा लोग चंग बजाते व गाते हुए बस स्टेंड पहुंचे। बस स्टेंड पर प्राचीन रियासत काल से चल रहे डांडा-रोपण को पूरा किया गया। पं. रमेश शर्मा ने पूजन करवाया। पूजन में माली समाज के अध्यक्ष जंवरीमल पंवार और कुशवाहा सैनी महासभा के युवा तहसील अध्यक्ष भोलाराम सांखला ने यजमान की भूमिका में पूजन कार्यक्रम सम्पन्न करवाया। इसके बाद सभी गाने-बजाते हुए जुलूस के साथ कमल चौक पहुंचे और वहां भी विधि पूर्वक डांडा रोपण सम्पन्न करवाया। इस अवसर प्रवीण जोशी, भगवती भोजक, विमल सैनी फोटोग्राफर, बाबूलाल सांखला, विजय सिंह चौहान, रामचंद्र टाक, रामलाल टाक, विनोद चौहान, मनीष भोजक, ललित सोनी, हंसराज अगरोया, प्रकाश वर्मा, सुनील वर्मा, मोती प्रजापत, कमल घोड़ेला, नितेश माथुर, सुशील पीपलवा, बाबू सांखला धोबी आदि उपस्थित रहे।







