क्यों व कब तक पिएंगे लाडनूं के लोग गंदा व बदबूदार पानी, पालिकाध्यक्ष ने दी आंदोलन की चेतावनी,
जलदाय विभाग के एईएन को पालिकाध्यक्ष की ओर से प्रतिनिधि व पार्षदों ने ज्ञापन देकर जताया रोष
लाडनूं (kalamkala.in)। नगर पालिका की अध्यक्ष परवीन सिसोदिया ने जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के सहायक अभियंता को एक ज्ञापन सौंपकर लाडनूं शहर में दूषित पेयजल आपूर्ति की समस्या के शीघ्र समाधान की मांग करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। गौरतलब है कि इसी मांग को लेकर जन नेता फुले खां हाथीखानी ने सोमवार को जलदाय विभाग और सिवरेज के अधिकारियों को मौके पर बुला कर सारी स्थिति का अवलोकन भी करवाया था तथा उन्हें जल सप्लाई व्यवस्था को दुरुस्त करने एवं दूषित पानी की आपूर्ति का स्थाई हल निकालने के लिए मांग की थी। अब इसी क्रम को आगे बढाते हुए मंगलवार को यहां जलदाय विभाग कार्यालय में नगर पालिका की अध्यक्ष परवीन सिसोदिया की ओर से जलदाय अधिकारियों को सौंपे गए इस ज्ञापन में इस पूरी समस्या का उल्लेख करते हुए बताया गया है कि लाडनूं शहर में पिछले कई दिनों से पेयजल आपूर्ति गंभीर रूप से दूषित आ रही है। नलों में आ रहा पानी मटमैला, दुर्गंधयुक्त एवं पीने योग्य नहीं है, जिससे आमजन के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। दूषित पानी के सेवन से शहर में उल्टी-दस्त एवं अन्य जल-जनित बीमारियों के फैलने की आशंका बढ़ गई है। कई वार्डों में पाइपलाइन लीकेज होने और उनमें सीवरेज के पानी के मिलने की शिकायतें भी लगातार मिल रही हैं। साथ ही कई क्षेत्रों में अत्यंत कम दबाव से पानी की आपूर्ति हो रही है। इस संबंध में आमजन द्वारा कई बार मौखिक शिकायत की जा चुकी हैं, परन्तु अभी तक कोई ठोस कार्यवाही नहीं हुई है। इसलिए अब शहर की इस पेयजल व्यवस्था को गंभीरता से लेते हुए तत्काल प्रभाव से पाइपलाइनों की जांच, लीकेज की मरम्मत, जल शुद्धिकरण एवं टंकियों की सफाई करवाई जाए तथा शहरवासियों को स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल उपलब्ध करवाया जाए। ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि शीघ्र ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया तो आमजन के स्वास्थ्य को देखते हुए नगरपालिका को जनहित में आंदोलन का मार्ग अपनाने के लिए बाध्य होना पड़ेगा। जलदाय विभाग पहुंच कर एईएन को यह ज्ञापन देने वालों में चैयरमेन प्रतिनिधि नौशाद अली सिसोदिया, नगर पालिका के पूर्व उपाध्यक्ष व पार्षद मुकेश खींची तथा अन्य कई पार्षद और नागरिक गण उपस्थित रहे।



