लाडनूं में 35 फुटे रावण के रूप में बुराई को जला कर किया राख, हजारों लोग बने रावण-दहन के चश्मदीद,
इस वर्ष के चैनरूप बच्छराज नाहटा सम्मान से डा. ज्योत्स्ना राठौड़ को नवाजा गया

लाडनूं (kalamkala.in)। बुराई पर हमेशा अच्छाई की और असत्य पर सत्य की जीत होती आई है। इसे सार्थक किया गया दशहरा मेले में दशानन रावण के विशालकाय स्वरूप का सार्वजनिक दहन करके। रावण-दहन ने समस्त जन को संदेश दिया कि हमेशा सच्चाई का साथ देना चाहिए। करंट बालाजी मंदिर के सामने स्थित दशहरा मेला मैदान में 35 फुट ऊंचे रावण का दहन किया गया तो हजारों की भीड़ ने रंग-बिरंगी आतिशबाजी का लुत्फ उठाया। सबने कहा कि जब भी बुराई का आकार बढ़ता है, उसे नष्ट होना ही पड़ता है। दशहरा मेला समिति लाडनूं के तत्वावधान में गुरुवार को दशहरा पर्व पर आयोजित इस भव्य दशहरा मेले में रावण दहन के अलावा शानदार आतिशबाजी से आसमान को रंग-बिरंगी रोशनी से सराबोर कर दिया गया। दशहरा मेला मैदान पर राम-रावण का लाइव युद्ध भी प्रदर्शित किया गया। राम व सीता की आरती भी मंच पर की गई। प्रारंभ में भगवान राम की भव्य शोभायात्रा निकाली गई। दशहरा मेला समिति के मंत्री सुशील पीपलवा ने इस अवसर पर दशहरा को बुराई पर अच्छाई की विजय का प्रतीक बताते हुए कहा कि यह पर्व समाज में नैतिक मूल्यों और सांस्कृतिक परंपराओं को जीवित रखने का संदेश देता है। मेला समिति के कोषाध्यक्ष अभय नारायण शर्मा ने इस अवसर पर दानदाताओं की सूची का सार्वजनिक प्रसारण किया।
डॉ. ज्योत्सना बी. राठौड़ को दिया गया नाहटा सम्मान
दशहरा पर्व पर दिया जाने वाला सेवा पुरस्कार ‘चैनरूप बच्छराज नाहटा सम्मान’ इस बार लाडनूं को पूर्ण स्वस्थ बनाने के अभियान में जुटी डा. बीएस राठौड़ आर्गेनाइजेशन की संयोजक डा. ज्योत्स्ना बी. राठौड़ को निःस्वार्थ समाजसेवा के लिए प्रदान किया गया। उन्हें यह सम्मान कमल नाहटा, हनुमान मल जांगिड़, ललित वर्मा, सुशील पीपलवा आदि ने प्रदान किया। कार्यक्रम के दौरान क्षेत्र के समस्त पत्रकारों, विभिन्न पालिका कर्मियों, सेवाभावी लोगों को भी दशहरा मेला समिति की ओर से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर समाजसेविका कंचन देवी भूतोड़िया, नगर पालिका के अध्यक्ष रावत खां लाडवाण, रीयल हेल्प ब्यूरो की महिला प्रदेशाध्यक्ष पार्षद सुमित्रा आर्य, थानाधिकारी महीराम बिश्नोई, सुशील पीपलवा, हनुमानमल जांगिड़, नरपतसिंह गौड़, विजय कुमार भोजक, विनोद सोनी, रामेश्वर स्वामी, अशोक भाटी, राजकुमार, शरद पीपलवा, बाबूलाल, देवाराम पटेल, हरिराम खीचड़, गजेंद्र सिंह, प्रवीण जोशी, पार्षद सुरेन्द्र जांगिड़, मदन गोपाल नवहाल, जयसिंह चौहान, तेजकरण सांखला आदि उपस्थित थे। मेले में लाडनूं शहर के अलावा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में लोग एकत्र हुए। कार्यक्रम का संचालन वीरेंद्र भाटी ने किया। मेले के दौरान पुलिस जाप्ता ने व्यवस्थाएं संभाले रखी। मेले में प्राथमिक चिकित्सा की सुविधा भी पर्याप्त रही। मेले की व्यवस्थाओं को समिति के कार्यकर्ताओं की टीम ने संभाले रखा।




