विद्यार्थियों को बताया स्वच्छता का महत्व, सीवरेज की कार्यप्रणाली समझाई और उपयोग व महता बताई

SHARE:

[responsivevoice_button voice="Hindi Female"]

विद्यार्थियों को बताया स्वच्छता का महत्व, सीवरेज की कार्यप्रणाली समझाई और उपयोग व महता बताई

लाडनूं (kalamkala.in)। सीवरेज परियोजना के कार्य कर रही राजस्थान नगरीय आधारभूत विकास परियोजना के सामुदायिक जागरूकता एवं जन सहभागिता कार्यक्रम के तहत अधीक्षण अभियंता नेमीचंद पंवार और अधिशासी अभियंता ओम प्रकाश साहू के निर्देशानुसार व सहायक अभियन्ता रियाज अहमद के मार्गदर्शन में स्थानीय सेंट जैवियर उच्च माध्यमिक विद्यालय में विद्यार्थियों को स्वच्छता ओर सीवरेज परियोजना की जानकारी दी।कैप रुडीप के असलम खान ने स्वच्छता औऱ सिवरेज परियोजना की जानकारी देते हुए बताया कि सभी घरों के स्नानघर, रसोईघर व शौचालय को सीवर लाइन से जोड़ा जाएगा। इसलिए, सीवर लाइन बिछाने में सभी सकारात्मक सहयोग दें। उन्होंने सीवरेज के फायदों के साथ ही सीवरेज की कार्य प्रणाली को समझाया और बताया कि उपचारित पानी का भी पुनः उपयोग किया जाता हैं। इससे नगर पालिका को आय होगी, जो शहर के विकास में काम आएगी। साथ ही उन्होंने पर्यावरण स्वछता के फायदे भी बताये और शहरी स्वच्छता बनाए रखने के लिए घरों से निकलने वाला कचरा नगर पालिका से आने वाले वाहन में डालने का आग्रह किया।विद्यालय निदेशक जयसिंह ने कहा कि यह अभियान लोगों के बीच स्वच्छता के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाता है। इसके तहत नागरिकों से अपने आस-पास की स्वच्छता बनाए रखने का आग्रह किया जाता है। उन्होंने सबके लिए स्वछता शपथ लेने की जरूरत बतायी, ताकि शहर स्वच्छ औऱ सुंदर बने। प्रधानाचार्या सरला कुमारी चारण ने व्यक्तिगत स्वच्छता पर विचार व्यक्त किए। साथ ही प्रगतिशील कार्यस्थल से विद्यार्थियों को दूर रहने को कहा गया।रामकिशोर सहित समस्त अध्यापकगण ने भी कार्यक्रम में भागीदारी की।

kalamkala
Author: kalamkala

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सबसे ज्यादा पड़ गई

जैन विश्व भारती में विरल जैन दीक्षा समारोह का आयोजन, मुमुक्षु सलोनी व मुमुक्षु खुशी ने गुरुदेव से स्वीकारा संयम जीवन, मात्र दो घंटे पूर्व की घोषणा पर ग्रहण किया संन्यास, मुमुक्षु सलोनी नखत से बनी साध्वी सुकृतप्रभा

आत्मशुद्धि के लिए अहिंसा की आराधना, संयम की साधना और तप का आसेवन जरूरी- आचार्यश्री महाश्रमण, लाडनूं के विभिन्न संस्था-संगठनों ने किया ने आचार्य श्री महाश्रमण का नागरिक अभिनंदन, 2028 में रहेगा आचार्य श्री महाश्रमण का हरिद्वार, ऋषिकेश, देहरादून, मसूरी का पदभ्रमण